आजाद समाज पार्टी ने यूपी में 87 विधानसभा क्षेत्रों में प्रभारी घोषित किए, चंदौसी कार्यक्रम में बोले सांसद- जनता का गठबंधन जिसके साथ है, उसे किसी और दरवाजे की जरूरत नहीं
संभल : आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद ने मंगलवार को संभल के चंदौसी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान पार्टी की आगामी चुनावी तैयारियों और विपक्षी गठबंधन को लेकर अपनी स्थिति स्पष्ट की। कार्यक्रम से पहले पार्टी के जिलाध्यक्ष शहजाद आलम के आवास पर हुई प्रेसवार्ता में उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी किसी दल के दरवाजे पर गठबंधन के लिए नहीं जा रही है।
चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि पार्टी ने उत्तर प्रदेश में अब तक 87 विधानसभा क्षेत्रों के लिए प्रभारियों की घोषणा की है। सितंबर में जारी दूसरी सूची के बाद यह संख्या 87 पहुंची है। पार्टी की ओर से इन नियुक्तियों को 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जोड़ा गया है।
‘गठबंधन के लिए किसी के घर नहीं जाएंगे’
विपक्षी दलों के साथ गठबंधन के सवाल पर चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि उनकी पार्टी किसी के घर के चक्कर नहीं काट रही है। उन्होंने कहा कि जनता के साथ उनका गठबंधन है और जिसे जनता का समर्थन हासिल है, उसे किसी दूसरे दरवाजे पर जाने की जरूरत नहीं है।
उन्होंने विपक्षी दलों की ओर इशारा करते हुए कहा कि जो पार्टियां भारतीय जनता पार्टी को हराने की बात करती हैं, उन्हें एमएलसी चुनाव में अपनी ताकत दिखानी चाहिए। उनके इस बयान को आगामी चुनावों से पहले विपक्षी दलों के बीच राजनीतिक समीकरणों के संदर्भ में देखा जा रहा है।
बेरोजगारी और कानून-व्यवस्था पर सरकार को घेरा
चंद्रशेखर आजाद ने केंद्र और प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए रोजगार, शिक्षा और कानून-व्यवस्था से जुड़े मुद्दे उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय से आम लोगों की बुनियादी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ है। उनके मुताबिक नौजवान बेरोजगारी का सामना कर रहे हैं और लगातार भर्ती परीक्षाओं के पेपर लीक होने के आरोप सामने आते रहे हैं।
उन्होंने स्कूलों की स्थिति और शराब की दुकानों को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। संभल की कानून-व्यवस्था का जिक्र करते हुए उन्होंने दावा किया कि स्थानीय अखबारों में लगातार हत्या की खबरें सामने आती हैं। ये सरकार के खिलाफ उनके राजनीतिक आरोप हैं।
EVM की जगह बैलेट पेपर से चुनाव की मांग
चंद्रशेखर आजाद ने एक बार फिर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) को लेकर अपनी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि वह खुद EVM के विरोधी हैं और चुनाव बैलेट पेपर से कराया जाना चाहिए। इससे पहले भी वह चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और बैलेट पेपर से मतदान की मांग कर चुके हैं।
हाल में EVM और चुनाव प्रक्रिया को लेकर मायावती ने भी बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग की थी। मायावती ने नगीना लोकसभा चुनाव में चंद्रशेखर आजाद की जीत को लेकर भी आरोप लगाए थे। इसके जवाब में चंद्रशेखर ने कहा था कि नगीना की जनता ने उन्हें 2024 में 5,12,552 वोट देकर अपना प्रतिनिधि चुना और इस जनादेश को किसी साजिश से जोड़ना मतदाताओं की भावना पर सवाल उठाना है।
चुनाव रद्द कराने की बात
प्रेसवार्ता में चंद्रशेखर आजाद ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हस्तक्षेप की मांग करते हुए चुनाव रद्द कराने की बात भी कही। उन्होंने कहा कि वह भीम आर्मी और नगीना की जनता के भरोसे दोबारा चुनाव लड़ने के लिए तैयार हैं।
चंदौसी में आयोजित कार्यक्रम को आजाद समाज पार्टी की उत्तर प्रदेश में संगठन विस्तार और आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पार्टी पहले ही 87 विधानसभा क्षेत्रों में प्रभारी नियुक्त कर चुकी है, ऐसे में चंद्रशेखर आजाद के बयान से स्पष्ट है कि पार्टी आने वाले चुनाव में अपने संगठन को सक्रिय करने पर जोर दे रही है।

